11 Dec 2025 कोरबा: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में गुरुवार की सुबह एक ऐसी घटना उजागर हुई जिसने पूरे क्षेत्र में तीखी चर्चा और चिंता पैदा कर दी। शहर से जुड़े तीन व्यक्तियों की एक ही स्थान पर संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई। यह पूरी घटना स्क्रैप व्यवसाय से जुड़े एक परिसर में हुई थी। इस कमरे में देर रात कुछ गतिविधियाँ होने की बात सामने आ रही है, जिनके बारे में कई तरह की आशंकाएँ व्यक्त की जा रही हैं। हालांकि, पुलिस और समाचार स्रोत — दोनों किसी भी निष्कर्ष पर पहुँचने से पहले वैज्ञानिक रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं।
यहां यह खास तौर पर स्पष्ट करना जरूरी है कि धन बढ़ाने वाले किसी अनुष्ठान, तंत्र-विधि या किसी भी गुप्त क्रिया को लेकर केवल आशंका व्यक्त की जा रही है। समाचार पोर्टल इसका कोई दावा नहीं कर रहा है। वास्तविक कारण का पता केवल विस्तृत जांच और पोस्टमॉर्टम के आधार पर ही चलेगा।
एक ही स्थान पर मिलीं तीन संदिग्ध मौतें—शहर में सनसनी
मृतकों की पहचान अशरफ मेमन (कोरबा), सुरेश साहू (तुलसी नगर) और नीतीश कुमार (दुर्ग) के रूप में हुई है। तीनों एक ही कमरे में मिले और अस्पताल ले जाए जाने पर मृत घोषित किए गए।
घटना की सूचना मिलते ही अस्पताल और मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। परिवारजन और स्थानीय लोग इस घटना को लेकर गहरी शंका जता रहे हैं और इसे संयोग मानने को तैयार नहीं हैं।
कुछ परिजनों ने शवों पर मौजूद चोट-जैसे प्रतीत होने वाले निशानों का हवाला देकर घटना के पीछे किसी प्रकार की ज़बरदस्ती या हिंसा की आशंका जताई है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि इन निशानों के वास्तविक अर्थ का निर्णय चिकित्सकीय परीक्षण ही करेगा।
रात में कमरे के भीतर क्या हुआ? कई सवालों के जवाब अभी बाकी
जांच के दौरान यह जानकारी सामने आई है कि मृतकों को देर रात अलग-अलग क्रम में एक कमरे में भेजा गया था। कमरे के अंदर जमीन पर कुछ चिन्ह बने हुए थे और कुछ वस्तुएँ भी मिलीं, जिनसे कई तरह की आशंकाएँ उत्पन्न हुई हैं।
सूत्रों के अनुसार, कुछ लोगों ने पुलिस को यह जानकारी दी है कि कमरे में किसी तरह की प्रक्रिया चलाई जा रही थी, लेकिन उसका स्वरूप क्या था, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है।
कुछ लोगों ने इसे कथित “धन वृद्धि” की आशंका से जोड़ा है, लेकिन यह महज लोगों द्वारा जताई जा रही आशंका है।
समाचार पोर्टल इस प्रकार की किसी भी प्रक्रिया, ‘रकम बढ़ाने’, या तंत्र-विधि के होने का कोई दावा नहीं करता।
पुलिस के अनुसार—कई पहलुओं पर एकसाथ जांच
कोरबा पुलिस इसे अत्यंत संवेदनशील मामला मानकर चार संभावित दिशाओं में जांच कर रही है। इसमें शामिल हैं—
- कमरे में चल रही कथित गतिविधियों की प्रकृति
- किसी प्रकार की आपराधिक मंशा या हमला
- आर्थिक विवाद या लेन-देन
- व्यक्तिगत रंजिश
अधिकारियों का कहना है कि अभी किसी भी आशंका को पुष्ट या खारिज करना जल्दबाजी होगी। सभी पहलुओं को बराबर महत्व देकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
घटनास्थल से संग्रहित सामान फॉरेंसिक के लिए भेजा गया
फॉरेंसिक टीम ने कमरे से कई वस्तुएँ बरामद की हैं जिनमें—
- चिन्हित घेरा-जैसी आकृतियाँ
- फलों के टुकड़े
- कपड़े के टुकड़े
- कुछ रासायनिक पदार्थ
- और अनुष्ठान जैसे दिखने वाले कुछ सामान शामिल हैं
इन चीज़ों का क्या उद्देश्य था, यह अभी स्पष्ट नहीं है। पुलिस ने इन्हें जांच के लिए जब्त कर लिया है और कमरे को सील कर दिया है।
हिरासत में चार लोग—बयानों को मिलाया जा रहा है तकनीकी साक्ष्यों से
घटना के समय मौजूद रहे चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। इनमें वह व्यक्ति भी शामिल है जो खुद को एक विशेष प्रक्रिया जानने वाला बताता है।
लेकिन—
पुलिस या समाचार पोर्टल—दोनों उसके दावों को सत्य या असत्य मानने की स्थिति में नहीं हैं।
वह क्या कर रहा था, किस उद्देश्य से आया था, और कमरे में क्या गतिविधियाँ चलीं—इन सभी बातों की पुष्टि वैज्ञानिक और तकनीकी रिपोर्ट से ही होगी।
डिजिटल सबूत भी जुटाए जा रहे हैं—
- फोन कॉल डिटेल
- मोबाइल लोकेशन
- चैट रिकॉर्ड
- सीसीटीवी फुटेज
ये सभी डेटा जांच को दिशा देने में महत्वपूर्ण होंगे।
परिवारों में आक्रोश—शहर में उभरी बेचैनी
मृतक अशरफ मेमन कबाड़ कारोबार में वर्षों से सक्रिय थे और व्यापार जगत में उनकी पहचान मजबूत थी। उनकी मौत ने शहर के व्यापारिक समुदाय को गहरी चिंता में डाल दिया है।
लोगों में यह सवाल उठ रहा है कि आखिर तीनों व्यक्ति रात में ऐसी गतिविधि में क्यों शामिल हुए? क्या उन्हें बहलाया-फुसलाया गया था? या कुछ और वजह थी?
अस्पताल और यार्ड के बाहर लगातार लोगों की भीड़ जुटी रही। सोशल मीडिया पर भी अलग-अलग तरह की चर्चाएँ चल रही हैं, जिससे शहर में बेचैनी का माहौल है।
तथ्य साफ होंगे वैज्ञानिक रिपोर्ट आने के बाद
पुलिस का कहना है कि सबसे अहम भूमिका पोस्टमॉर्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट निभाएगी।
उससे ही स्पष्ट होगा—
- मौत का वास्तविक कारण क्या था
- कमरे में मिली वस्तुओं का अर्थ क्या है
- क्या किसी नशीले या जहरीले तत्व का उपयोग हुआ
- क्या यह हिंसक घटना थी या कुछ और
इसी आधार पर आगे की कार्रवाई को दिशा मिलेगी।
इस समय केवल आशंकाएँ, कोई दावा नहीं
कोरबा की यह घटना भयावह और उलझी हुई है। धन-वृद्धि या किसी विशेष अनुष्ठान को लेकर सिर्फ आशंका व्यक्त की गई है। बिंदास खबर इस तरह की किसी भी गतिविधि के होने की पुष्टि नहीं करता। सभी विवरण जांच के प्रारंभिक इनपुट और लोगों द्वारा व्यक्त संदेह पर आधारित हैं।
